लव मैरिज और अरेंज मैरिज
Last Updated : 2017-09-05 11:51:55 AM

लव मैरिज इस दुनिया में कई प्रकार के व्यक्ति कई प्रकार की जातियां और कई प्रकार की सोच होती है | कुछ व्यक्ति अमीर होते हैं और कुछ गरीब | जैसा कि “प्रेम” शब्द तो आपने सुना ही होगा | यह प्रेम चीज होते क्या है ? कैसे होती है ? और उसका परिणाम क्या होता है ? हम आपको इस आर्टिकल में सारे जवाब देंगे |

प्रेम शब्द की परिभाषा सबको पता होती है जैसे कोई अपने माता पिता से प्रेम करता है तो कोई अपने कीमती चीजों से तो कोई अपने सहपाठी से या कोई अपने पालतू जानवरों से प्यार करता है | सारे व्यक्ति किसी ना किसी प्रेम करते हैं | लेकिन हम आज लव मैरिज या अरेंज मैरिज की बात करेंगे | इस दुनिया में अधिकतर लोग अरेंज मैरिज करते हैं पर कुछ लोग लव मैरिज भी करते हैं | लव मैरिज में दो व्यक्तियों का पहले से ही लव के साथ संबंध होता है यह दो दिलों का सच्चा प्रेम होता है | जिसमें दोनों की सलाह होती है, और एक दूसरे को अच्छी तरह से मन और पूरी तरह से जानते हैं कि वह व्यक्ति आगे चल कर उसका साथ देगा या वह व्यक्ति उसके लिए उचित व्यक्ति होगा | इन्हीं बातों को ध्यान में रखकर दो व्यक्ति एक संबंध बनाते हैं जिसे कहते हैं “लव मैरिज” | इसमें दो व्यक्तियों की शादी उनकी सलाह और उनके तरीके से होती है, एक दूसरे का पूरी जिंदगी ख्याल रखते हैं, उनकी खुशियों को ध्यान में रखते हुए शादी करते हैं | कुछ लोग ज्योतिष द्वारा पूर्ण किए गए अपने विवाहिक जीवन को आगे बढ़ाते हैं, तथा कुछ ज्योतिष की राय के बिना ही अपना विवाहिक जीवन व्यतीत करते हैं | पर ज्योतिष की राय लेकर और अपने नक्षत्रों को ध्यान में रखकर आगे के विवाहिक कार्य को पूरा करना चाहिए ताकि बाद में कोई विवाहिक जीवन में परेशानी ना आए |

अरेंज मैरिज

अरेंज मैरिज में दो व्यक्तियों में पहले से कोई मेल मिलाप नहीं होता या वह एक दूसरे को नहीं जानते बल्कि, पहले लड़का लड़की को ढूंढते हैं फिर उनके घर परिवार को देखने जाते हैं | लड़के के माता पिता लड़की के घर लड़की को देखने और रिश्ता पक्का करने जाते हैं | अगर लड़की लड़के वालों को लड़की पसंद आ जाती है तो वह बात को आगे बढ़ाते हैं, तथा लड़का लड़की को जानने के लिए थोड़ा समय देते हैं | उसके बाद शादी की तैयारियां शुभ मुहूर्त और तिथियां एक ज्योतिष के द्वारा निकलवाते हैं, इससे अरेंज मैरिज में कोई परेशानी नहीं आती | अरेंज मैरिज में रिश्तो की नई शुरुआत होती है दो घर आपस में मिलते हैं और नए रिश्ते का निर्माण करते हैं | लव मैरिज में लड़का लड़की एक दूसरे को पहले से जानते हैं उसके बाद अपने घर वालों को बताते हैं | अरेंज मैरिज में पहले लड़का लड़की के माता-पिता लड़के-लड़की को ढूंढते हैं फिर मेल-मिलाप करते हैं, उसके बाद एक दूसरे को जानते हैं | अरेंज मैरिज में परिवार वालों के बड़े बुजुर्गों ज्योतिष के द्वारा शुभ मुहूर्त और शुभ दिन निकलवाते हैं | फिर विवाह को रसमें और रिवाजों से विवाह करते हैं | अरेंज मैरिज में विवाह की तारीख ज्योतिष द्वारा तय करवाना शुभ माना जाता है | विवाह का शुभ मुहूर्त निकलवाने के लिए पहले लड़की और लड़के की कुंडली किसी अच्छे ज्योतिष  को दिखाते हैं दोनों की कुंडली के अनुसार अगर गुण पूरे मिलते हैं तो वैवाहिक जीवन सफल होता है | अरेंज मैरिज में पूरे 32 गुण मिले तो विवाह शुभ माना जाता है और अगर 24 या 25 गुण मिले तब भी भी ठीक ही है |

लव मैरिज  के फायदे

लव मैरिज में पूरी जानकारी होती है कि आपके साथी को क्या पसंद है और क्या नहीं | यहां तक की उनके के किसी पुराने रिश्ते के बारे में भी पूरी जानकारी होती है | अगर पुराने रिश्ते की जानकारी विवाह के बाद पता चले तो रिश्ते में रुकावटे आ सकते हैं, इस वजह से लव मैरिज को अच्छा माना जाता है | जो लोग अपने रिश्ते के लिए काफी सीरियस होते हैं और जिंदगी भर साथ रहना चाहते हैं वही लोग लव मैरिज करते हैं इन लोगों को शादी का फैसला लेने के लिए किसी तीसरे इंसान की जरुरत नहीं होती | लव मैरिज में कपल्स को ऐसा महसूस होता है जैसे कि उन्होंने कोई जंग जीती हो | आप अपने साथी को शादी के पहले से जानते थे, इसलिये आपको उसके साथ आगे कोई परेशानी नहीं होगी। चाहे जितनी भी लड़ाइयां हों, आपका प्‍यार सदा बना रहेगा । आपका पार्टनर हर समय आपके लिए खड़ा रहेगा। लव मैरिज में आपका साथी आपकी खुशियों के लिए अपने परिवार से भी लड़ झगड़ सकता है क्योंकि आपको वह पूरी शिद्दत से चाहता है | ऐसे कपल ही प्रेम की परिभाषा को अच्छी तरह समझते हैं और प्रेम को जीवन में सही मायने में रखते हैं | लव मैरिज में व्यक्ति अपने पसंद के साथी को चुन सकता है और अपने साथी  की इच्छाओं और भावनाओं को अच्छी तरह से समझता है, तथा जिंदगी भर आपकी खुशियों का ख्याल रखता है | लव मैरिज में पहले से ही उनकी कमजोरियों को स्वीकार कर लेते हैं | लव मैरिज में ज्योतिष की एस्ट्रोलॉजी एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है | क्योंकि उससे पता चल जाता है कि लड़का या लड़की का स्वभाव कैसा है, उसमें क्या अच्छे गुण है और क्या बुरे गुण |

अरेंज मैरिज के फायदे

अरेंज मैरेज” यह नाम सुनते ही आजकल के युवाओं को जैसे कोई डर सताने लगता है, क्योंकि इसमें बहुत सी रस्मे और रिवाज होते हैं तथा खुद से ज्यादा परिवार की पसंद होती है और यह बात अच्छी भी है | अरेंज मैरिज में घरवालों के माता-पिता ही लड़का या लड़की देखते हैं तथा पसंद करते हैं दरअसल यह विवाह करने का सबसे अच्छा तरीका होता है | अरेंज मैरिज एक पुरानी परंपरा है | अरेंज मैरिज के जरिए दो अजनबी लोग मिलते हैं और कुछ पल मिलकर जिंदगी भर साथ निभाने का फैसला करते हैं उन्हें यह बात भी नहीं पता होती कि सामने वाला व्यक्ति का स्वभाव कैसा है | अरेंज मैरिज में रिश्तो और परिवार वालों की मजबूत नीव होती है तथा दोनों परिवारों की सहमति होती है और अरेंज मैरिज भेदभाव को देखकर नहीं की जाती बस लड़का या लड़की संस्कारी होने चाहिए जो बड़ों का आदर करें यह गुण विवाहिक जीवन को पूरी तरह सुखी बनाते हैं | अरेंज मैरिज में एक शख्स की मनमानी नहीं चलती बल्कि एक साथ सारे परिवारों का फैसला होता है | अरेंज मैरेज के लिए समझदारी बेहद जरूरी है | रिश्तो में आने वाले सुख दुख को मिल-जुलकर बांटते हैं | अरेंज मैरिज में ससुराल के लोग दामाद की बड़ी इज्जत या आदर करते हैं बुरे समय में आर्थिक सहायता भी करते हैं |

आपके परिवार और आपके ससुराल के पक्ष के लोग बड़े प्रेम से एक दूसरे की सहायता के लिए हमेशा तैयार रहते हैं | अरेंज मैरेज के पहले लड़का-लड़की के गुण मिलाना अधिक महत्वपूर्ण होता है | कुंडली के अनुसार नक्षत्रों द्वारा महत्वपूर्ण तिथियों के हिसाब से ही विवाह करना चाहिए नहीं तो आगे के जीवन में बहुत सारी कठिनाइयां आ सकती हैं | अरेंज मैरिज में एस्ट्रोलॉजी एक बहुत महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है, इससे आपके विवाहिक जीवन के कष्टों का उदार भी हो सकता है

लव मैरिज और अरेंज मैरिज में परेशानियां

लव मैरिज में कभी-कभी यह परेशानी आ जाती है कि लड़का या लड़की परिवार वाले किसी कारण से विवाह के लिए सहमत नहीं होते जैसे, अगर लड़की गरीब हो या लड़का अमीर तो घर वाले शादी के लिए नकार देते हैं दूसरा कारण यह है कि कई जगहों पर जाति के भेद भाव होते हैं, और घर वाले चाहते हैं कि बेटी या बेटा अपनी बिरादरी में ही शादी करें या कई बार तो लड़का लड़की भागकर शादी करते हैं | सबसे बड़ा शादी टूटने का कारण दहेज होता है | और हमारे देश में गरीब लोगों की संख्या अधिक है इसीलिए विवाह के समय भारी भरकम खर्चों की वजह से भी शादी रुक जाती है |

अरेंज मैरिज में लड़की को ससुराल वालों के साथ बड़ी सावधानी से रहना पड़ता है | अक्सर ससुराल में बहू और जेठानी का मनमुटाव रहता है, और इस बात से सारे ससुराल वाले अनजान रहते हैं | कई बार जब वधू लड़की को जन्म देती है तो ससुराल वाले उसका अबॉर्शन करवा देते हैं, क्योंकि ससुराल वालों को लड़का ही चाहिए होता है | अरेंज मैरिज में दहेज को लेकर ससुराल वालों से काफी वादविवाद भी होते हैं | जब लड़की बच्चे पैदा करने मैं समर्थ नहीं होती तो ससुराल वाले लड़कों की दूसरी शादियां भी करवा देते हैं ऐसा अनपढ़ ससुराल वाले करते हैं तथा लड़की के साथ ऐसा व्यवहार करते हैं जैसे घर में कोई बहू नहीं नौकरानी लाए हो | उनके साथ गाली-गलौच तथा मारपीट  भी करते हैं |

(तलाक)

कई बार पति पत्नी एक दूसरे को नहीं समझ पाते और स्थिति और उलझ जाती है पूरी बात समझे बिना आपस में झगड़ने लगते हैं जिसके कारण तलाक की नौबत आ जाती है | पति पत्नी के रिश्ते में परिवार वालों की बहुत अधिक दखलंदाजी तलाक का एक मुख्य कारण है | विवाह के बाद पति पत्नी के दूसरे अफेयर होने से भी तलाक होते हैं | अगर कोई व्यक्ति शादी से पहले किसी से प्रेम करता हो और उसकी शादी किसी और दूसरे व्यक्ति से करवाई हो तो तलाक होता हैं | अमीरी और गरीबी के अंतर में भी तलाक हो सकता है । छोटी छोटी बात पर झगड़ा होना तथा एक-दूसरे की कमजोरी को गिनाने से भी तलाक हो जाता हैपति या पत्नी में से अगर कोई शारीरिक संबंध द्वारा खुश नहीं रख पाता | आजकल रिश्तो में प्यार ना होना यह भी एक कारण है, मतलब अपने व्यवसाय के कारण ही एक दूसरे को समय नहीं दे पाते इससे दूरियां बढ़ती है। एक दूसरे के ऊपर शक करते रहना इससे भी तलाक की नौबत आ सकती है |

लड़के/लड़की में मांगलिक दोष

अगर लड़का या लड़की मांगलिक हो तो विवाह टूटने या ना होने का यह एक मुख्य कारण होता है | मांगलिक दोष विवाह में रुकावट पैदा कर सकता है जैसे की शादी है ना होना, लंबी आयु के बाद विवाह ना होना, विवाह के बाद पति पत्नी में लगातार तकरार रहना, घर के परिवारों का सुख ना मिलना, चरित्रहीन का धब्बा लगना, पति-पत्नी में बढ़ते वैर की वजह से फिर तलाक का खतरा या संतान संबंधी समस्याएं | मांगलिक विवाह लड़की के पति का मृत्यु का कारण बन सकता है, इसकी वजह से लड़की को पूरी जिंदगी विधवा या अभागन बनकर करना पड़ता है |

लव मैरिज या अरेंज मैरिज में परेशानियों के उपाय

विवाहिक जीवन में परेशानियों को दूर करना एक बहुत महत्वपूर्ण विषय है और इसे कैसे दूर किया जा सकता है यह भी हम आपको बताते हैं | जैसा कि आप जानते ही हैं विवाह के पूर्व लड़का और लड़की के गुण मिलाना अधिक महत्वपूर्ण है वैसे ही विवाह के पूर्व विवाह की शुभ तारीख और महत्वपूर्ण मुहूर्त निकलवाना भी जरूरी है | यह सब ज्योतिष ही कर सकता है, ज्योतिष मानव को बेहतर जीवन और भविष्य के लिए मदद करता है | भविष्य और उसके जीवन को जानने के लिए हमें किसी ज्योतिष द्वारा अपनी कुंडली की जांच करानी चाहिए कराना चाहिए | ज्योतिष विद्या के अनुसार मंगल ग्रह विनाशकारी माना गया है | आपके लिए मांगलिक दोष को दूर करना का उपाय भी ज्योतिष ही बताता है, जिससे आप अपने विवाहिक जीवन को खुशी-खुशी और बड़े सरल तरीके से जी  सकते हैं | अगर आप ज्योतिष की राय लेकर महत्वपूर्ण कार्य करेंगे तो आपके वैवाहिक या आगे के जीवन में कभी भी कोई कठिनाई नहीं आएंगी |

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